हमारे बुजुर्ग जीवन की अंतिम बेला में किस कदर अकेले पड़ गए हैं, किस तरह से अकेलेपन में जी रहे हैं, किस तरह से स्मृतियों के सहारे  जीवन ढो रहे हैं, यह सब समझना है तो वरिष्ठ कथाकार डा. हरिसुमन बिष्ट  के नये उपन्यास - ‘भीतर कई एकांत ’ को अवश्य पढि़ए।   डा. हरिसुमन बिष्ट दिल्ली में मैथिली-भोजपुरी अकादमी...
जी सूमह में पत्रकार मदन मोहन सती की किताब--- राजुला-मालूसाही (एक अमर प्रेम कथा) नये अंदाज में सबके सामने है। उत्तराखंड की यह प्रेम कथा विश्व की महान प्रेम कथाओं में से एक तो है ही अदभुद भी। कहानी पन्द्रहवीं शताब्दी के कत्यूर राजवंश के राजकुमार मालूशाही और शौका वंश की कन्या राजुला की प्रेम कथा है। दिल्ली में कार्यरत...

FOLLOW ME

0FansLike
388FollowersFollow
6,749SubscribersSubscribe

WEATHER

- Advertisement -